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Tamarind during Pregnancy period : पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में इमली खाने से पहले जान लें ये बातें
हम सà¤à¥€ जानते हैं कि पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में खटà¥à¤Ÿà¥€ चीजों की कà¥à¤°à¥‡à¤µà¤¿à¤‚ग बहà¥à¤¤ होती है। वहीं गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥â€à¤¥à¤¾ में खटà¥à¤Ÿà¥€ चीज खाने की कà¥à¤°à¥‡à¤µà¤¿à¤‚ग को शांत करने के लिठअचार और इमली से बेहतर और कोई विकलà¥â€à¤ª आपने नहीं सà¥à¤¨à¤¾ होगा लेकिन कà¥â€à¤¯à¤¾ आप जानते हैं कि गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥â€à¤¥à¤¾ में इमली खानी चाहिठया नहीं?
हरे रंग के कीवी में कई पोषक ततà¥â€à¤µ होते हैं जो पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंट महिला और गरà¥à¤à¤¸à¥â€à¤¥ शिशॠके सà¥â€à¤µà¤¾à¤¸à¥â€à¤¥à¥â€à¤¯ के लिठफायदेमंद साबित होते हैं। ये फल पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• होने के साथ-साथ सà¥â€à¤µà¤¾à¤¦à¤¿à¤·à¥â€à¤Ÿ à¤à¥€ होता है।इसमें शà¥à¤—र और फैट कम à¤à¤µà¤‚ विटामिन सी पà¥à¤°à¤šà¥à¤°à¤¤à¤¾ में होता है। इसलिठपà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी में कीवी खाना सही रहता है। वहीं कीवी में कोलेसà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤² à¤à¥€ नहीं होता है। लेकिन अगर आपको गैसà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤Ÿà¤¿à¤¸ की पà¥à¤°à¥‰à¤¬à¥â€à¤²à¤® है तो कीवी खाने से बचना चाहिà¤à¥¤à¤¯à¤¹ à¤à¥€ पढ़ें : पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी में अमरूद खाना चाहिठया नहीं
आमतौर पर गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥â€à¤¥à¤¾ की दूसरी तिमाही से महिलाओं को पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी कà¥à¤°à¥‡à¤µà¤¿à¤‚ग शà¥à¤°à¥‚ हो जाती है। पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में हारà¥à¤®à¥‹à¤‚स में काफी उतार-चढ़ाव आता है जिसकी वजह से कà¥à¤°à¥‡à¤µà¤¿à¤‚ग होती है। अपनी गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥â€à¤¥à¤¾ के दौरान अमूमन हर महिला को खटà¥à¤Ÿà¥€ चीज खाने का मन किया होगा और इमली का नाम सà¥à¤¨à¤•र ही मà¥à¤‚ह में पानी आ गया होगा।
हालांकि, पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में महिलाओं को अपने आहार में किसी à¤à¥€ चीज को शामिल करने से पहले अचà¥â€à¤›à¥€ तरह से सोच लेना चाहिà¤à¥¤ अगर आप à¤à¥€ गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥â€à¤¥à¤¾ में इमली खाने की सोच रही हैं तो उससे पहले यहां जान लीजिठकि पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में इमली खा सकते हैं या नहीं।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥â€à¤¥à¤¾ के दौरान शरीर को कई बदलावों से गà¥à¤œà¤°à¤¨à¤¾ पड़ता है जैसे मूड सà¥à¤µà¤¿à¤‚गà¥â€à¤¸ और खाने की आदतों में बदलाव आना। à¤à¤¸à¤¾ माना जाता है कि पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी में महिलाओं का खटà¥à¤Ÿà¥€ चीजें जैसे नींबू, अचार और इमली खाने का बहà¥à¤¤ मन करता है।
ये बात à¤à¥€ सामने आई है कि पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी की पहली तिमाही में कà¥à¤°à¥‡à¤µà¤¿à¤‚ग (कà¥à¤› खाने का मन करना) जà¥â€à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ होती है। कà¥à¤› लोगों का मानना है कि पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी के दौरान इमली खाना नà¥à¤•सानदायक हो सकता है लेकिन विशेषजà¥à¤žà¥‹à¤‚ की मानें तो मॉडरेट मातà¥à¤°à¤¾ में इमली खाने से मां और शिशॠको कà¥à¤› फायदे à¤à¥€ होते हैं।
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में इमली खाना चाहिठया नहीं
जी हां, गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाà¤à¤‚ इमली खा सकती हैं। इसमें विटामिन ठऔर सी à¤à¤µà¤‚ कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤® होता है और पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨, फाइबर और हेलà¥â€à¤¦à¥€ शà¥à¤—र à¤à¥€ पाठजाते हैं। पैरासिटामोल, इबूपà¥à¤°à¥‹à¤«à¥‡à¤¨ और à¤à¤¸à¥à¤ªà¥à¤°à¤¿à¤¨ जैसी दवाà¤à¤‚ लेने के 24 घंटे बाद ही इमली खानी चाहिà¤à¥¤ इमली को अपनी डायट में शामिल करने से पहले डॉकà¥â€à¤Ÿà¤° से बात कर लें कि ये किस तरह आपके शरीर को पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ कर सकती है। पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी की तीसरी तिमाही में इस बात का खास खà¥â€à¤¯à¤¾à¤² रखें।
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी में इससे जà¥â€à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ कीवी खाया तो होगा नà¥à¤•सान
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हरे रंग के कीवी में कई पोषक ततà¥â€à¤µ होते हैं जो पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंट महिला और गरà¥à¤à¤¸à¥â€à¤¥ शिशॠके सà¥â€à¤µà¤¾à¤¸à¥â€à¤¥à¥â€à¤¯ के लिठफायदेमंद साबित होते हैं। ये फल पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• होने के साथ-साथ सà¥â€à¤µà¤¾à¤¦à¤¿à¤·à¥â€à¤Ÿ à¤à¥€ होता है।
इसमें शà¥à¤—र और फैट कम à¤à¤µà¤‚ विटामिन सी पà¥à¤°à¤šà¥à¤°à¤¤à¤¾ में होता है। इसलिठपà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी में कीवी खाना सही रहता है। वहीं कीवी में कोलेसà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤² à¤à¥€ नहीं होता है। लेकिन अगर आपको गैसà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤Ÿà¤¿à¤¸ की पà¥à¤°à¥‰à¤¬à¥â€à¤²à¤® है तो कीवी खाने से बचना चाहिà¤à¥¤
कीवी फल कई तरह से गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला और उसके गरà¥à¤ में पल रहे शिशॠको फायदा पहà¥à¤‚चा सकता है, जैसे कि :
à¤à¥à¤°à¥‚ण के बौदà¥à¤§à¤¿à¤• विकास: में बहà¥à¤¤ अहम à¤à¥‚मिका निà¤à¤¾à¤¤à¤¾ है। ये बचà¥â€à¤šà¥‡ के मसà¥à¤¤à¤¿à¤·à¥â€à¤•, तंतà¥à¤°à¤¿à¤•ा तंतà¥à¤° का विकास करता है और नà¥â€à¤¯à¥‚रल डिफेकà¥â€à¤Ÿ को रोकता है। यह शिशॠके महतà¥â€à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ अंगों के विकास के लिठजरूरी है और कीवी में फोलिक à¤à¤¸à¤¿à¤¡ पà¥à¤°à¤šà¥à¤°à¤¤à¤¾ में पाया जाता है।
जेसà¥â€à¤Ÿà¥‡à¤¶à¤¨à¤² डायबिटीज : कीवी में नैचà¥à¤°à¤² शà¥à¤—र होती है जो मीठा खाने की कà¥à¤°à¥‡à¤µà¤¿à¤‚ग को कंटà¥à¤°à¥‹à¤² करने में मदद करती है। इसका लो गà¥â€à¤²à¤¾à¤‡à¤¸à¥‡à¤®à¤¿à¤• इंडेकà¥â€à¤¸ इंसà¥à¤²à¤¿à¤¨ बढ़ने से रोâ€à¤•ता है जिससे बà¥â€à¤²à¤¡ शà¥à¤—र लेवल कंटà¥à¤°à¥‹à¤² में रहता है और पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी में जेसà¥â€à¤Ÿà¥‡à¤¶à¤¨à¤² डायबिटीज से बचाव होता है।
कबà¥â€à¤œ से छà¥à¤Ÿà¤•ारा : गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥â€à¤¥à¤¾ में कबà¥â€à¤œ होना सामानà¥â€à¤¯ बात है। कीवी में डायटà¥à¤°à¥€ फाइबर होते हैं तो आंत को साफ रखते हैं और कबà¥â€à¤œ नहीं होने देते।
आयरन : पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी में आयरन डेफिशिà¤à¤‚सी à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ का खतरा रहता है जिसे कीवी में मौजूद आयरन से खतà¥â€à¤® किया जा सकता है। ये फल बाकी खादà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥à¥‹à¤‚ से आयरन के अवशोषण में à¤à¥€ मदद करता है।
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दà¥à¤°à¥à¤²à¤ ही कीवी से à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€ के मामले देखे जाते हैं लेकिन अगर आपके पहले से ही पराग कणों यानी पॉलन या लैटेकà¥â€à¤¸ से à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€ है तो कीवी न खाà¤à¤‚।
इसके अलावा गले और मà¥à¤‚ह में खà¥à¤œà¤²à¥€ होने, हाइवà¥â€à¤¸ या अनà¥â€à¤¯ तरह की सूजन दिखने, पेट दरà¥à¤¦ या उलà¥â€à¤Ÿà¥€ होने पर à¤à¥€ कीवी का सेवन बंद कर देना चाहिà¤à¥¤
गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला को à¤à¤• दिन में à¤à¤• कप कटा हà¥à¤† कीवी खाना चाहिà¤à¥¤ इसके हिसाब से आप दिनà¤à¤° में लगà¤à¤— दो से तीन कीवी खा सकती हैं। अगर आपको गैसà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤Ÿà¤¿à¤¸, à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€ या पाचन से संबंधी कोई अनà¥â€à¤¯ समसà¥â€à¤¯à¤¾ है तो कीवी खाने से पहले डॉकà¥â€à¤Ÿà¤°à¥€ सलाह जरूर लें।
à¤à¤¸à¤¿à¤¡à¤¿à¤Ÿà¥€, रैशेज और à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€ की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में गले में खराश हो सकती है। ऊपर बताई गई मातà¥à¤°à¤¾ में गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला कीवी का सेवन सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ रूप से कर सकती है।
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में इमली खाने के फायदे
यदि मॉडरेशन में इमली खाई जाठतो इससे कई फायदे मिल सकते हैं, जैसे कि :
इमली के सूजन-रोधी गà¥à¤£ पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी की दूसरी और तीसरी तिमाही में à¤à¤¡à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में सूजन, पेट फूलने और मांसपेशियों में दरà¥à¤¦ को कम करने में मदद कर सकते हैं।
इमली में फà¥à¤²à¥‡à¤µà¥‡à¤¨à¥‹à¤à¤¡à¥à¤¸ और पॉलीफेनोलà¥â€à¤¸ होते हैं जो जेसà¥â€à¤Ÿà¥‡à¤¶à¤¨à¤² डायबिटीज से बचाव करते हैं।
इसमें मौजूद खनिज पदारà¥à¤¥ कà¥à¤› हद तक बà¥â€à¤²à¤¡ पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° को कंटà¥à¤°à¥‹à¤² करने में मदद करते हैं। मीठी इमली पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी में कबà¥â€à¤œ को दूर करती है। इससे दसà¥â€à¤¤ की समसà¥â€à¤¯à¤¾ से à¤à¥€ बचा जा सकता है।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में होने वाली मतली और मॉरà¥à¤¨à¤¿à¤‚ग सिकनेस को कम करने के लिठà¤à¥€ इमली खा सकते हैं।
शिशॠके विकास में मददगार है
इमली में नियासिन होता है या विटामिन बी3, 4 होता है जो कि पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंट महिला की रोजाना की पोषक ततà¥â€à¤µà¥‹à¤‚ की 10 फीसदी आवशà¥â€à¤¯à¤•ता की पूरà¥à¤¤à¤¿ करती है। ये आगे चलकर शिशॠकी नसों, मसà¥à¤¤à¤¿à¤·à¥â€à¤• और पाचन तंतà¥à¤° के विकास में मदद करते हैं।
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी में इससे जà¥â€à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ कीवी खाया तो होगा नà¥à¤•सान
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हरे रंग के कीवी में कई पोषक ततà¥â€à¤µ होते हैं जो पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंट महिला और गरà¥à¤à¤¸à¥â€à¤¥ शिशॠके सà¥â€à¤µà¤¾à¤¸à¥â€à¤¥à¥â€à¤¯ के लिठफायदेमंद साबित होते हैं। ये फल पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• होने के साथ-साथ सà¥â€à¤µà¤¾à¤¦à¤¿à¤·à¥â€à¤Ÿ à¤à¥€ होता है।
इसमें शà¥à¤—र और फैट कम à¤à¤µà¤‚ विटामिन सी पà¥à¤°à¤šà¥à¤°à¤¤à¤¾ में होता है। इसलिठपà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी में कीवी खाना सही रहता है। वहीं कीवी में कोलेसà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤² à¤à¥€ नहीं होता है। लेकिन अगर आपको गैसà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤Ÿà¤¿à¤¸ की पà¥à¤°à¥‰à¤¬à¥â€à¤²à¤® है तो कीवी खाने से बचना चाहिà¤à¥¤
कीवी फल कई तरह से गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला और उसके गरà¥à¤ में पल रहे शिशॠको फायदा पहà¥à¤‚चा सकता है, जैसे कि :
à¤à¥à¤°à¥‚ण के बौदà¥à¤§à¤¿à¤• विकास: में बहà¥à¤¤ अहम à¤à¥‚मिका निà¤à¤¾à¤¤à¤¾ है। ये बचà¥â€à¤šà¥‡ के मसà¥à¤¤à¤¿à¤·à¥â€à¤•, तंतà¥à¤°à¤¿à¤•ा तंतà¥à¤° का विकास करता है और नà¥â€à¤¯à¥‚रल डिफेकà¥â€à¤Ÿ को रोकता है। यह शिशॠके महतà¥â€à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ अंगों के विकास के लिठजरूरी है और कीवी में फोलिक à¤à¤¸à¤¿à¤¡ पà¥à¤°à¤šà¥à¤°à¤¤à¤¾ में पाया जाता है।
जेसà¥â€à¤Ÿà¥‡à¤¶à¤¨à¤² डायबिटीज : कीवी में नैचà¥à¤°à¤² शà¥à¤—र होती है जो मीठा खाने की कà¥à¤°à¥‡à¤µà¤¿à¤‚ग को कंटà¥à¤°à¥‹à¤² करने में मदद करती है। इसका लो गà¥â€à¤²à¤¾à¤‡à¤¸à¥‡à¤®à¤¿à¤• इंडेकà¥â€à¤¸ इंसà¥à¤²à¤¿à¤¨ बढ़ने से रोâ€à¤•ता है जिससे बà¥â€à¤²à¤¡ शà¥à¤—र लेवल कंटà¥à¤°à¥‹à¤² में रहता है और पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी में जेसà¥â€à¤Ÿà¥‡à¤¶à¤¨à¤² डायबिटीज से बचाव होता है।
कबà¥â€à¤œ से छà¥à¤Ÿà¤•ारा : गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥â€à¤¥à¤¾ में कबà¥â€à¤œ होना सामानà¥â€à¤¯ बात है। कीवी में डायटà¥à¤°à¥€ फाइबर होते हैं तो आंत को साफ रखते हैं और कबà¥â€à¤œ नहीं होने देते।
आयरन : पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी में आयरन डेफिशिà¤à¤‚सी à¤à¤¨à¥€à¤®à¤¿à¤¯à¤¾ का खतरा रहता है जिसे कीवी में मौजूद आयरन से खतà¥â€à¤® किया जा सकता है। ये फल बाकी खादà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥à¥‹à¤‚ से आयरन के अवशोषण में à¤à¥€ मदद करता है।
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दà¥à¤°à¥à¤²à¤ ही कीवी से à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€ के मामले देखे जाते हैं लेकिन अगर आपके पहले से ही पराग कणों यानी पॉलन या लैटेकà¥â€à¤¸ से à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€ है तो कीवी न खाà¤à¤‚।
इसके अलावा गले और मà¥à¤‚ह में खà¥à¤œà¤²à¥€ होने, हाइवà¥â€à¤¸ या अनà¥â€à¤¯ तरह की सूजन दिखने, पेट दरà¥à¤¦ या उलà¥â€à¤Ÿà¥€ होने पर à¤à¥€ कीवी का सेवन बंद कर देना चाहिà¤à¥¤
गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला को à¤à¤• दिन में à¤à¤• कप कटा हà¥à¤† कीवी खाना चाहिà¤à¥¤ इसके हिसाब से आप दिनà¤à¤° में लगà¤à¤— दो से तीन कीवी खा सकती हैं। अगर आपको गैसà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤Ÿà¤¿à¤¸, à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€ या पाचन से संबंधी कोई अनà¥â€à¤¯ समसà¥â€à¤¯à¤¾ है तो कीवी खाने से पहले डॉकà¥â€à¤Ÿà¤°à¥€ सलाह जरूर लें।
à¤à¤¸à¤¿à¤¡à¤¿à¤Ÿà¥€, रैशेज और à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€ की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में गले में खराश हो सकती है। ऊपर बताई गई मातà¥à¤°à¤¾ में गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला कीवी का सेवन सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ रूप से कर सकती है।
पà¥à¤°à¥€à¤®à¥ˆà¤šà¥â€à¤¯à¥‹à¤° बरà¥à¤¥ का खतरा
इमली में आयरन पà¥à¤°à¤šà¥à¤° मातà¥à¤°à¤¾ में पाया जाता है। ये शरीर में खून के वॉलà¥â€à¤¯à¥‚म को बढ़ाता है जिससे पà¥à¤°à¥€à¤®à¥ˆà¤šà¥â€à¤¯à¥‹à¤° बरà¥à¤¥ यानी नौ महीने से पहले डिलीवरी होने का खतरा कम होता है। इससे शिशॠमें जनà¥â€à¤® के समय वजन कम होने का जोखिम à¤à¥€ कम रहता है। पà¥à¤°à¥€à¤®à¥ˆà¤šà¥â€à¤¯à¥‹à¤° बरà¥à¤¥ होना शिशॠके लिठसही नहीं होता है। इस दौरान बचà¥â€à¤šà¥‡ का पूरा विकास नहीं हà¥à¤† होता है इसलिठपà¥à¤°à¥€à¤®à¥ˆà¤šà¥â€à¤¯à¥‹à¤° बरà¥à¤¥ ठीक नहीं रहता है।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥â€à¤¥à¤¾ में इमली खाने के नà¥à¤•सान
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी में इमली खाने के फायदे के साथ-साथ नà¥à¤•सान à¤à¥€ होते हैं लेकिन दà¥à¤·à¥â€à¤ªà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ अधिक मातà¥à¤°à¤¾ में इमली खाने पर ही दिखते हैं। इमली जà¥â€à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ खाने की वजह से बà¥â€à¤²à¥â€à¤¡ शà¥à¤—र का लेवल असंतà¥à¤²à¤¿à¤¤ हो सकता है। अधिक मातà¥à¤°à¤¾ में इमली लेने से बà¥â€à¤²à¤¡ पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤° के लेवल को नà¥à¤•सान पहà¥à¤‚च सकता है।
चूंकि, पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥â€à¤¨à¥‡à¤‚सी में कई खटà¥à¤Ÿà¥€ चीजें खाने का मन करता है इसलिठआप मॉडरेशन में इमली खा सकती है। कम या सीमित मातà¥à¤°à¤¾ में इमली खाने से कोई नà¥à¤•सान नहीं होता है।
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